Monday, 8 March 2021

जब वो पास हों मनाने को

 


गिला करें भी तो क्या, और किससे करें

किसे वक़्त है निभाने को

रूठने का मज़ा तो तब है

जब, वो पास हों मनाने को....

                                 -रुचि शुक्ला

No comments:

Post a Comment

जो अलग हो गए तो कैसी झड़प

ये नज़दीकियाँ तब तलक मुनासिब समझ जो गिरह खोलने की गुंजाइश रहे रूठना मनाना सब ठीक है पर बात करने की गुंजाइश रहे ये तकरार साथ रहने तक हैं जो अल...